एफपीओ के माध्यम से यही खाद लगभग 1400 रुपये में मिल रही है. इससे किसानों की लागत में सीधी कमी आई है और उन्हें ब्लैक मार्केट से खाद खरीदने की मजबूरी भी नहीं रह गई है. उजियारपुर प्रखंड के समथू गांव में संचालित एफपीओ इस दिशा में एक सफल उदाहरण बनकर उभरा है.
